बिज़नेस / अर्थव्यस्था

आरबीआई ने लगातार दूसरी बार नीतिगत दरों में किया इजाफा

B. Rao 2018-08-01 17:53:21


आरबीआई ने लगातार दूसरी बार नीतिगत दरों में किया इजाफा

 

चालू वित्त वर्ष की तीसरी द्वैमासिक मौद्रिक समीक्षा बैठक में बढ़ती महंगाई का असर साफ तौर पर देखा गया। आरबीआई ने लगातार दूसरी बार नीतिगत दरों में इजाफा किया है। केंद्रीय बैंक ने अब रेपो रेट को 6.25 फीसद से बढ़ाकर 6.50 फीसद और रिवर्स रेपो को 6 फीसद से बढ़ाकर 6.25 फीसद कर दिया है। आरबीआई की अगली बैठक 3 से 5 अक्टूबर को होगी। इस बैठक में नीतिगत दरों बढ़ाने का फैसला 5:1 के आधार पर लिया गया है। सिर्फ रवींद्र एच ढोलकिया ने नीतिगत दरों में इजाफे के खिलाफ मतदान किया। जानकारी के लिए आपको बता दें कि रेपो रेट के बढ़ने का मतलब बैंक से मिलने वाले लोन का महंगा होना माना जाता है।गौरतलब है कि आरबीआई ने अपनी पिछली समीक्षा बैठक में रेपो रेट और रिवर्स रेपो रेट में 0.25 फीसद का इजाफा किया था। यानी बीती दो बैठकों में आरबीआई ने नीतिगत दरों में कुल 0.50 बेसिस प्वाइंट का इजाफा कर दिया है।महंगाई दर पर आरबीआई: आरबीआई ने जुलाई-सितंबर तिमाही के लिए 4.2 फीसद की दर से महंगाई का अनुमान लगाया है। वहीं अक्टूबर-मार्च छमाही के दौरान इसके 4.8 फीसद रहने का अनुमान लगाया गया है।  हालांकि ग्रोथ को लेकर आरबीआई आश्वस्त नजर रही है। उसने FY19 के लिए जीडीपी ग्रोथ के 7.4 फीसद रहने का अनुमान लगाया है, वहीं अप्रैल-सितंबर की छमाही के दौरान जीडीपी ग्रोथ के 7.5 से 7.6 फीसद रहने का अनुमान लगाया है। आरबीआई का मानना है कि एफआईआई ने हाल फिलहाल में बेहतर निवेश किया है और डोमेस्टिक फंडामेंटल भी काफी मजबूत नजर रहे हैं।